HNB Garhwal University

हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्‍वविद्यालय में छात्र अपनी मांगों को लेकर बीते कई दिनों से आंदोलन में बैठे हैं। धरने पर बैठे छात्रों द्वारा विश्वविद्यालय प्रशासन से उनकी मांगों को मानने की अपील की जा रही है।

हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्‍वविद्यालय में बीते कई दिनों से छात्रसंघ पदाधिकारी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन पर बैठे हैं। इन छात्रों द्वारा ऑनलाइन परीक्षा की तारीख को आगे बढ़ाने, साथ ही छात्रों को अगले सेमेस्टर में प्रमोट करने और अंतिम सेमेस्टर को 10 फीसदी अतिरिक्त अंक दिए जाने की मांग की जा रही है।

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  • गढ़वाल विवि में मीडिया के प्रवेश पर रोक

छात्रों द्वारा किए जा रहे इस आंदोलन के बीच गढ़वाल विश्वविद्यालय में मीडिया के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। छात्रों द्वारा किए जा रहे आंदोलन को कवर करने के लिए पहुंचे कुछ चैनल के संवाददाताओं और रिपोर्टर्स को विश्वविद्यालय के सुरक्षा कर्मचारियों द्वारा अंदर जाने से रोक दिया गया। सुरक्षाकर्मियों का कहना है कि उच्च अधिकारियों ने मीडिया के प्रवेश पर रोक लगा दी है।

आपको बता दें कि छात्र अपनी मांगों को लेकर हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्‍वविद्यालय परिसर में धरने पर बैठे हैं। देश में जारी लॉक डाउन के कारण विश्वविद्यालय में छात्रों के आंदोलन में भीड़ इकट्ठे नहीं होने दिया गया है। लिहाजा विश्वविद्यालय के 3 छात्र संघ पदाधिकारी सांकेतिक रूप से अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं।

छात्र संघ अध्यक्ष अंकित रावत का इस पूरे मामले को लेकर कहना है कि विश्वविद्यालय को छात्रों के हित के लिए उनकी मांगों को मानना चाहिए उन्होंने कहा नेट कनेक्टिविटी कमजोर होने के कारण स्टूडेंट्स को फॉर्म भरने में कई दिक्कतें हो रही हैं।

  • छात्र अपनी जायज मांगों के लिए धरने पर- अंकित उछोली

विश्वविद्यालय में मीडिया के प्रवेश पर लगे बैन को लेकर विश्वविद्यालय प्रतिनिधि अंकित उछोली का कहना है कि विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा हमारे आंदोलन से घबराकर मीडिया के प्रवेश पर रोक लगा दी है। प्रशासन द्वारा मीडिया पर बैन लगाने की जो कोशिश की गई है उससे यह साफ है कि विश्वविद्यालय प्रशासन यह मानता है कि छात्र अपनी जायज मांग को लेकर धरने पर है। हालांकि जब तक विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रों की जायज मांगों पर कार्रवाई नहीं करेगा तब तक यह धरना यह संघर्ष जारी रहेगा।

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